केरल में रनवे के कारण हुई दुर्घटना

केरल में रनवे के कारण हुई दुर्घटना

तिरुअनंतपुरम (महामीडिया) केरल में करिपुर एयरपोर्ट पर एअर इंडिया विमान हादसे में मरने वालों की संख्या 19 हो गई है। वंदे भारत मिशन के तहत यह विमान दुबई से आ रहा था, जिसमें 190 लोग सवार थे। इस हादसे में घायल 171 लोगों का 13 अलग-अलग अस्पतालों में इलाज चल रहा है। इनमें 1 गर्भवती महिला और 4 बच्चों सहित 15 से ज्यादा यात्रियों की हालात बेहद नाजुक बनी हुई है। केन्द्रीय राज्य मंत्री वी मुरलीधरन करिपुर एयरपोर्ट पहुंच चुके है जहां वो घायलों से मिलेंगे। उनके साथ DGCA की फ्लाइट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन की टीम भी एयरपोर्ट पहुंच चुकी है।
बता दें कि शुक्रवार शाम एअर इंडिया एक्सप्रेस का विमान करिपुर एयरपोर्ट की रनवे पर फिसलकर करीब 35 फुट गहरी खाई में गिर गया और दो हिस्सों में टूट गया। विमान में 10 नवजात समेत 184 यात्री, दो पायलट और चालक दल के चार सदस्य थे। 19 में से 18 शवों की पहचान कर ली गयी है वहीं 1 शव की पहचान अभी बाकी है। सभी शवों का पोस्टमार्टम कोविड प्रोटोकॉल के तहत ही होगा।
डीजीसीए के बयान में कहा गया कि रनवे-10 पर उतरने के बाद विमान रुका नहीं और रनवे के अंत तक पहुंचकर खाई में गिरने के बाद दो हिस्सों में टूट गया। एअर इंडिया एक्सप्रेस के बेड़े में सिर्फ बी737 विमान हैं। कोझिकोड, शारजाह और दुबई में सहायता केंद्र बनाए जा रहे हैं।
फ्लाइट ने उतरने की दो कोशिश कीं
फ्लांइग रडार के मुताबिक बोइंग 737 ने रनवे 10 पर उतरने के दो प्रयास किए. फ्लाइट रडार 24 वेबसाइट के एक प्लेबैक के अनुसार विमान ने उतरने से पहले कई बार हवाई अड्डे का चक्कर लगाया था. DGCA ने अपने बयान में कहा है कि विमान लैंडिंग के बाद रनवे के आखिर तक फिसलता चला गया और घाटी में गिरकर दो टुकडों में टूट गया. कोझिकोड हवाई अड्डे पर एक टेबलटॉप रनवे है जो कि एक पठार या पहाड़ी के टॉप पर है. रनवे के दोनों छोर पर खड़ी चट्टान और खाई हैं.
केरल के 4 हवाई अड्डों में सबसे छोड़ा रनवे
एयर सेफ्टी एक्सपर्ट कैप्टन मोहन रंगनानथ ने कहा कि उन्होंने लगभग 9 साल पहले एक रिपोर्ट में विस्तार से बताया था कि कोझिकोड हवाई अड्डा लैंडिंग के लिए सुरक्षित नहीं है. केरल के चार हवाई अड्डों में से कोझिकोड हवाई अड्डे पर सबसे छोटा रनवे है. पिछले दिनों लगातार बारिश से रनवे को गंभीर नुकसान पहुंचा है.
रनवे के नजदीक डाउनस्लोप हैं
कैप्टन रंगनाथन ने कहा कि रनवे के पास डाउनस्लोप है और कोई सेफ्टी एरिया नहीं है. उन्हें इसके बारे में 9 साल पहले चेतावनी जारी की गई थी, सबूत पेश किए गए, लेकिन उन्होंने हवाई अड्डे का संचालन जारी रखा. उन्होंने ये भी कहा कि अगर हादसे में कोई मरता है तो वो हत्या या अपराध है. उन्होंने कहा कि”टरमैक के दोनों किनारों पर 200 फीट गहरे गॉर्ज हैं. यह बहुत नीचे की ओर हैं.
 

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