महामीडिया न्यूज सर्विस
PM मोदी, अंबानी और अडाणी के सहायक- सिद्धू

PM मोदी, अंबानी और अडाणी के सहायक- सिद्धू

admin | पोस्ट किया गया 61 दिन 12 घंटे पूर्व
20/04/2019
दिल्ली (महामीडिया)- लोकसभा चुनाव के तीसरे चरण के मतदान से पहले राजनीतिक दलों में आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला जारी है. इसी कड़ी में भारतीय जनता पार्टी से कांग्रेस में आए और पंजाब के मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला करते हुए कहा कि वो गरीबों की जगह अमीरों के लिए काम करते हैं. उन्होंने सरकारी कंपनियों को ठेके देने की जगह अंबानी और अडाणी की कंपनियों को ठेके दिए गए. शनिवार को नई दिल्ली कांग्रेस मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान नवजोत सिंह सिद्धू ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला करते हुए कहा कि हम आपको बताते हैं कि प्रधानमंत्री ने कैसे अमीरों की मदद की. प्रधानमंत्री ने 55 देशों की यात्रा की. अंबानी और अडाणी को इन 55 देशों में 18 बड़े ठेके मिले. 2015 में प्रधानमंत्री ने रूस का दौरा किया और अंबानी ने एक कमजोर कंपनी अल माजा मेंटल 6 बिलियन डॉलर में खरीदी और एक महीने के अंदर रिलायंस डिफेंस को ठेका दे दिया गया. प्रधानमंत्री फ्रांस के दौरे पर गए और वहां अंबानी को ऑफसेट पार्टनर बना दिया गया. प्रधानमंत्री 10 रुपये के पेन के लिए बिल मांगते हैं, लेकिन राफेल डील पर कुछ नहीं दिया गया. फ्रांस में अंबानी को 1100 करोड़ का कर्जा था, तब फ्रांस सरकार ने माफ कर दिया. प्रधानमंत्री मोदी पर भ्रष्टाचार में संलिप्त होने की बात करते हुए नवजोत सिंह सिद्धू ने कहा कि प्रधानमंत्री फिर स्वीडन गए वहां भी अंबानी को ठेका दे दिया गया. तब अडाणी ने एयर फोर्स प्लेन के लिए बोली लगाई थी. ये सारे ठेके सरकारी कंपनियों को दिए जाने थे, लेकिन ऐसा नहीं किया गया. अनिल अंबानी को हवा से हवा में मारने वाला मिसाइल बनाने के लिए 65,000 करोड़ का ठेका दिया गया, लेकिन डीआरडीओ को नहीं दिया गया.
नवजोत सिंह सिद्धू ने आगे कहा कि वह प्रधानमंत्री मोदी से यह पूछना चाहते हैं कि क्या कंपनियां देश के लिए काम करती हैं. प्रधानमंत्री जब बांग्लादेश के दौरे पर गए तो 3,000 मेगावॉट बिजली का ठेका अंबानी और अडाणी को दे दिया गया. एनटीपीसी को यह ठेका नहीं दिया गया. इन ठेकों से अंबानी और अडाणी की दोनों कंपनियों को अगले 3 साल में 15,000 करोड़ का मुनाफा होगा. उन्होंने केंद्र सरकार की नाकामी पर सवाल उठाते हुए कहा कि न राम मिला, न रोजगार मिला और गली-गली में मोबाइल चलाता बेरोजगार मिला. पिछले 4 सालों में भारत के कर्ज में 50 फीसदी का इजाफा हो गया. बेरोजगारी बढ़ती चली गई.
और ख़बरें >

समाचार